भाव- बेचैनी
विभाव- सारे
बेचैनी। …………………
देर रात जब फ़ोन की घंटी बज जाये
लगातार कोशिशों का जब तक फल ना मिल जाये
नए सफ़र में जब तक मंज़िल ना मिल जाये'
परीक्षा का जब तक परीक्षाफल ना आ जाये
सीक्रेट बात जब पेट में पचानी पड़ जाये,
जन्मदिन में जब तक किसी ख़ास की wish ना आ जाए,
नए कपड़ों में जब तक तारीफ़ ना मिल जाये
तब तक बनी रहती है ये बेचैनी … ………
अपर्णा।।।।।
विभाव- सारे
बेचैनी। …………………
देर रात जब फ़ोन की घंटी बज जाये
लगातार कोशिशों का जब तक फल ना मिल जाये
नए सफ़र में जब तक मंज़िल ना मिल जाये'
परीक्षा का जब तक परीक्षाफल ना आ जाये
सीक्रेट बात जब पेट में पचानी पड़ जाये,
जन्मदिन में जब तक किसी ख़ास की wish ना आ जाए,
नए कपड़ों में जब तक तारीफ़ ना मिल जाये
तब तक बनी रहती है ये बेचैनी … ………
अपर्णा।।।।।
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